और जिन लोगों ने क़ब्रों को सजदहगाह बन लिया है

और जिन लोगों ने क़ब्रों को सजदहगाह बन लिया है और उनपे माथा टेकते हैं और उनसे अक़ीदत रखते हैं ऐसे लोगों पे अल्लाह की फटकार है जैसा की अल्लाह के रसूल मोहम्मद सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम की हदीस है कि

हज़रत अब्दुल्लाह बिन अब्बास रजि० से रिवायत है कि जब आप अलैहिस्सलाम मर्ज़-ए-वफ़ात में मुब्तिला हुए तो आप अलैहिस्सलाम अपनी चादर को बार बार अपने चेहरे पे डालते और कुछ अफाका होता तो चादर अपने चेहरे से हटा लेते, आप अलैहिस्सलाम ने उस इज़्तिराब-ओ-परेशानी की हालत में फ़रमाया।

"यहूद-ओ-नसारा पे अल्लाह की फटकार जिन्होंने अपने नबियों की क़बर को सजदहगाह बना लिया।

(सही बुखारी, हदीस नंबर 435-436)

Comments

Popular posts from this blog

*Waqt ki ye zroorat samjh Lo, Bin padhe ab guzara nahi.*

❌ *22 रजब के कुंडे क्या है*❓ ❌

*Rasoolullah ﷺ ya kisi Auliya ke waseele (unke sadqe)se dua mangna kaisa hai?*